आर्मी के कमाण्ड अस्पतालों तथा सेवानिवृत्त चिकित्सकों की सेवाएं ली जाएं: मुख्यमंत्री

   मुख्यमंत्री ने कोविड-19 के सम्बन्ध में गठित समितियों के अध्यक्षों के साथ कोरोना वायरस के नियंत्रण हेतु लागू लाॅक डाउन व्यवस्था की समीक्षा की ,लाॅक डाउन अवधि में प्रदेश में विभिन्न राज्यों से आ रहे लोगों की सूची तैयार करके शासन व प्रशासन को उपलब्ध करायी जाए.कोरोना को मात देने के लिए केन्द्र व राज्य सरकार मिलकर कार्य कर रही हैं.प्रदेश में आइसोलेशन वाॅर्ड की संख्या में वृद्धि के लिए सक्रियता से कार्य किया जाए.आर्मी के कमाण्ड अस्पतालों तथा सेवानिवृत्त चिकित्सकों की सेवाएं ली जाएं.पिछले तीन दिनों में प्रदेश में बाहरी राज्यों से आये हुए लोगों को चिन्हित कर 

स्वास्थ्य परीक्षण कर संदिग्ध लोगों का होम क्वारेन्टाइन कराया जाए.मुख्यमंत्री ने मकान मालिकों से दिहाड़ी मजदूरों तथा दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों से 01 माह का किराया न लेने की अपील की बिजली व पानी का कनेक्शन 01 माह तक न काटा जाए.श्रमिक भरण-पोषण योजना के माध्यम से 28 मार्च, 2020 को 

01 लाख श्रमिकों के खातों में 1000 रु0 की धनराशि अन्तरित की गयी.ईंट भट्टे चालू रखने के निर्देश.पुलिस लाइन अपनी मेस में कुक्ड फूड के पैकेट तैयार कर धर्मार्थ,स्वयंसेवी आदि संगठनों के सहयोग से गरीब, जरूरतमन्द,श्रमिकों, निराश्रितों आदि को भोजन उपलब्ध कराए.आगामी 01 अप्रैल को वाणिज्यिक बैंकों की वार्षिक लेखाबन्दी व 02 अप्रैल को राम नवमी के दृष्टिगत दिनांक 02 अप्रैल, 2020 को बैंक 02 घण्टे की अवधि के लिए खोले जाएं.

        लखनऊ 29 मार्च, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने निर्देश दिये हैं कि लाॅक डाउन अवधि में प्रदेश में विभिन्न राज्यों से आ रहे लोगों की सूची तैयार करके शासन व प्रशासन को उपलब्ध करायी जाए। उन्होंने कहा कि कोरोना को मात देने के लिए केन्द्र व राज्य सरकार मिलकर कार्य कर रही हैं। इसके लिए आवश्यक है कि राज्य सरकार द्वारा गठित 11 समितियां युद्धस्तर पर कार्य करें।
    मुख्यमंत्री आज यहां अपने सरकारी आवास पर कोविड-19 के सम्बन्ध में गठित समितियों के अध्यक्षों के साथ कोरोना वायरस के नियंत्रण हेतु लागू की गयी लाॅक डाउन व्यवस्था की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में आइसोलेशन वाॅर्ड की संख्या में वृद्धि के लिए सक्रियता से कार्य किया जाए। इसके लिए आर्मी के कमाण्ड अस्पतालों को जोड़ें, जिससे टेस्टिंग लैब की क्षमता में बढ़ोत्तरी हो सके। सेवानिवृत्त चिकित्सकों की सेवाएं ली जाएं। सभी जिलाधिकारी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक तथा मुख्य चिकित्सा अधिकारी आपस में संवाद बनाकर कोरोना नियंत्रण पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें।
      मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले तीन दिनों में प्रदेश में बाहरी राज्यों से आये हुए लोगों को चिन्हित कर स्वास्थ्य परीक्षण कर संदिग्ध लोगों का होम क्वारेन्टाइन कराया जाए। उन्होंने कहा कि कोरोना से निपटने के लिए लेवल-2 तथा लेवल-3 अस्पतालों की संख्या में वृद्धि की जाए। उन्होंने कहा कि दवा की आपूर्ति पूरे राज्य में सुनिश्चित की जाए।
     मुख्यमंत्री ने दिहाड़ी मजदूरों तथा दैनिक वेतन भोगी कर्मियों के 01 माह का किराया न लेने की अपील मकान मालिकों से की है। उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिये हैं कि बिजली व पानी का कनेक्शन 01 माह तक न काटा जाए। साथ ही, इनकी आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। औद्योगिक एवं अवस्थापना आयुक्त ने बताया कि श्रमिक भरण-पोषण योजना के माध्यम से 28 मार्च, 2020 को 01 लाख श्रमिकों के खातों में 1000 रुपये की धनराशि अन्तरित की गयी है। उन्होंने ईंट भट्टे चालू रखने के निर्देश अधिकारियों को दिये हैं।
    मुख्यमंत्री ने पुलिस महानिदेशक को निर्देश दिये हैं कि पुलिस लाइन अपनी मेस में कुक्ड फूड के पैकेट तैयार कर धर्मार्थ, स्वयंसेवी आदि संगठनों के सहयोग से गरीब, जरूरतमन्द, श्रमिकों, निराश्रितों आदि को भोजन उपलब्ध कराएं। कहीं भी कोई नागरिक भूखा न रहे। उन्होंने निर्देश दिये कि आगामी 01 अप्रैल को वाणिज्यिक बैंकों की वार्षिक लेखाबन्दी व 02 अप्रैल को राम नवमी के  दृष्टिगत दिनांक 02 अप्रैल, 2020 को बैंक 02 घण्टे की अवधि के लिए खोले जाएं।
       मुख्यमंत्री ने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा घोषित ‘प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना’ को शीघ्र कार्यान्वित किया जाए। उन्होंने कहा कि गेहूं की खरीद अप्रैल के द्वितीय सप्ताह से करायी जाएगी। प्रदेशवासियों को खाद्यान्न, सब्जी, दूध आदि की सुचारु आपूर्ति के लिए सप्लाई चेन को सुदृढ़ किया जाए। इस अवसर पर मुख्य सचिव आर0के0 तिवारी, कृषि उत्पादन आयुक्त आलोक सिन्हा, अवस्थापना एवं औद्योगिक आयुक्त आलोक टण्डन, अपर मुख्य सचिव सूचना एवं गृह अवनीश कुमार अवस्थी, अपर मुख्य सचिव वित्त संजीव कुमार मित्तल, पुलिस महानिदेशक हितेश सी0 अवस्थी, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री एस0पी0 गोयल, संजय प्रसाद प्रमुख सचिव स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद, सूचना निदेशक शिशिर सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।