भाजपा सरकार दलितों पर हो रहे अत्याचार पर पूरी तरह मौन - आलोक प्रसाद 

      लखनऊ,  उ0प्र0 में मौजूदा हालात में दलित समाज पर उत्पीड़न चरम सीमा पर कायम हो चुका है। सदियों से पेट और पीठ की मार झेलता हुआ यह समाज आज भी जीने के लिए मुफलिसी की जिन्दगी गुजर बसर कर रहा है। सबका साथ-सबका विकास और सबका विश्वास की बात करने वाली दलित विरोधी योगी सरकार अब क्यों आंख, कान बन्द किए बैठी है। आये दिन लाॅकडाउन में भी दलितों के शोषण, उत्पीड़न और रेप के मामले थम नहीं रहे हैं। पूरे प्रदेश में दलित उत्पीड़न और अपमान की घटनाएं जारी हैं और भाजपा सरकार दलितों पर हो रहे अत्याचार पर पूरी तरह मौन है।
    उ0प्र0 कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग के चेयरमैन आलोक प्रसाद ने आज जारी बयान में कहा कि आज पूरा देश विषम परिस्थितियों से जूझ रहा है। कोरोना वायरस का प्रकोप पूरे देश में कुकुरमुत्ते की तरह फैलता जा रहा है। ऐसे में कुछ विक्षिप्त मानसिकता से ग्रसित लोग अपनी हैवानियत से बाज नहीं आ रहे हैं। हाल ही में बाल्मीकि समाज की 9वीं कक्षा की छात्रा के साथ दुष्कर्म किया गया और धमकी दी गई जिससे आहत हो छात्रा ने फांसी लगाकार आत्महत्या कर ली। कन्नौज में भाजपा सांसद सुब्रत पाठक द्वारा तहसीलदार अरविन्द कुमार के घर में घुसकर मारा-पीटा गया, लेकिन अभी तक कोई कार्यवाही नहीं हुई। रामपुर में एक सफाईकर्मी के साथ पांच लोगों ने मारपीट कर उसके मुंह में सेनिटाइजर का रासायनिक घेाल डाल दिया जिससे वह बेहोश हो गया उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया वहां उसकी मौत हो गई। कांग्रेस पार्टी योगी सरकार से समुचित कार्यवाही व मुआवजे की मांग करती है।उन्होने कहाकि पूरे प्रदेश में बचाव और आपदा कार्य में लगे सफाईकर्मियों जिन्हें प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी कर्मवीर नाम दे रहे हैं, आये दिन इन पर भी अराजक तत्वों द्वारा मारपीट की घटनाएं हो रही हैं। पुलिसकर्मी भी अपने अधिकार और बल का प्रयोग इन पर करने से चूक नहीं रहे। कानपुर में पनकी क्षेत्र में एक महिला सफाईकर्मी जो अपने काम पर जा रही थी उसकी पुलिस द्वारा पिटाई कर दी गई जिससे वह घायल हो गई। झंासी में भी पुलिस द्वारा सफाईकर्मियों पर झूठे आरोप लगाकर पिटाई की गयी। कानपुर के गोविन्दनगर थाना क्षेत्र में भी सफाईकर्मी को कुछ युवकों द्वारा पीटा गया और उसका मुंह का मास्क फाड़कर जबरन सेनिटाइजर पिलाया गया। लखनऊ में भी एक सेनिटरी सुपरवाइजर के साथ मारपीट के साथ मारपीट की गयी। कुछ आपरााधिक तत्व रसूखदारों के साये में पल्लवित, पोषित होकर निर्भीकता से खुलेआम अपराध करते घूम रहे हैं। मानवीय संवेदनाओं को चीरती हुई यह घटनाएं मानवता को तार-तार करती हैं।
    श्री प्रसाद ने कहा कि संविधान में इन वर्गों को दिये गये समानता और सुरक्षा के अधिकारों पर कुठाराघात हुआ है जो किसी भी कीमत पर यह समाज बर्दाश्त नहीं करेगा।उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री से मांग है कि ऐसी निन्दनीय घटनाओं को संज्ञान में लेकर आपराधिक तत्वों को चिन्हित किया जाए तथा प्रभावी कार्यवाही कर दोषियों को कठोर सजा दी जाए। साथ ही देश में आयी आपदा में जुटे हुए कर्मवीरांे को समुचित सुरक्षा प्रदान की जाए।