21 दिन होम क्वॉरेंटाइन में रहना होगा - जिलाधिकारी



      महराजगंज, मुख्यमंत्री के निर्देशन में काम करते हुए जिलाधिकारी डॉ0 उज्जवल कुमार ने जनपद को कोरोना मुक्त करने में सफल रहे हैं। जिलाधिकारी उसी पर अमल करते हुए कार्य कर रहे हैं और अपने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए बता रहे हैं कि जनपद में बाहर से आने वाले लोगों को कम से कम 21 दिन क्वॉरेंटाइन में रहना होगा। जिलाधिकारी ने कहा कि उत्तर प्रदेश के बाहर से आने वाले लोगों को 21 दिन के लिए होम क्वॉरेंटाइन में भेजा जाएगा। जिलाधिकारी अपने कैंप कार्यालय में आयोजित कोरोना वैश्विक महामारी से संबंधित बैठक में यह बात कही। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि जनपद में जो लोग अन्य प्रदेशों से आ रहे हैं, उनकी स्क्रीनिंग कराई जाए । स्क्रीनिंग में किसी भी प्रकार के लक्षण पाए जाने पर उन्हे फैसिलिटी क्वॉरेंटाइन  में रखा जाएगा तथा जांच उपरांत यदि वह संक्रमित पाया जाता है तो उसे अस्पताल में भर्ती करवाया जाएगा। जो लक्षण वाले व्यक्ति संक्रमित नहीं पाए जाते हैं उन्हें 7 दिन तक फैसिलिटी क्वॉरेंटाइन में रखकर पुनः परीक्षण करवाया जाएगा। यदि 7 दिनों के बाद भी वह संक्रमित नहीं पाया जाता है, तो उन्हें अगले 14 दिनों के लिए होम क्वॉरेंटाइन में भेज दिया जाएगा । बिना लक्षण वाले व्यक्तियों को 21 दिन के लिए होम क्वॉरेंटाइन में भेजा जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जो भी लोग बाहर से आ रहे हैं उनका संपूर्ण विवरण अंकित किया जाए तथा होम क्वॉरेंटाइन के नियमों का सख्ती से अनुपालन सुनिश्चित कराया जाए। ग्राम स्तरीय निगरानी समितियों द्वारा इस पर विशेष नजर रखी जाए ।आश्रय स्थलों पर ही आने वाले लोगों का पंजीकरण कराया जाए तथा कुशल, अर्धकुशल एवं अकुशल होने का संपूर्ण विवरण भी श्रम विभाग द्वारा रखा जाए ।बैठक में पुलिस अधीक्षक रोहित सिंह सजवान, मुख्य विकास अधिकारी पवन अग्रवाल, अपर जिलाधिकारी कुंज बिहारी अग्रवाल, मुख्य चिकित्साधिकारी एके श्रीवास्तव सहित अन्य अधिकारियों ने भाग लिया ।


    जिलाधिकारी डॉ0 उज्जवल कुमार ने बताया कि प्रवासियों/ उत्तर प्रदेश के बाहर से आए लोगो के द्वारा 21 दिनों की होम क्वॉरेंटाइन की अवधि में निम्न सावधानियों को अपनाना जरूरी है:-


      क्वॉरेंटाइन किया गया परिवार इस बात को सुनिश्चित करेगा कि जहां तक संभव हो प्रवासी अपने घरों में  पृथक कक्ष में रहेगा। क्वॉरेंटाइन किए गए प्रवासी अनिवार्य रूप से मास्क/ गमछा /दुपट्टा से मुंह एवं नाक को ढकेगे, हाथों को साबुन व पानी से धोने की आदत को बढ़ावा दिया जाएगा। क्वॉरेंटाइन किए गए प्रवासी के घर में किसी भी अन्य व्यक्ति के प्रवेश की अनुमति नहीं होगी।क्वॉरेंटाइन किए गए प्रवासी के घर के मात्र एक अन्य सदस्य को ही आवश्यक वस्तुओं की खरीद फरोख्त के लिए घर से बाहर जाने की अनुमति होगी । इस व्यक्ति के द्वारा घर से बाहर निकलने एवं वापस आने के समय हाथों को सैनिटाइज/ साबुन से हाथ धोया जाएगा तथा इस बीच मास्क/ गमछा /दुपट्टा का प्रयोग अनिवार्य रूप से किया जाएगा। निगरानी समिति के द्वारा इस कार्य हेतु लगभग 1 घंटे की अवधि निश्चित की जाएगी तथा उपरोक्त नियमों के अनुपालन की निगरानी की जाएगी।
     आशा के द्वारा इस परिवार में 60 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्ग, गर्भवती महिलाएं एवं मधुमेह, उच्च रक्तचाप एवं हृदय रोग जैसे रोगों से ग्रसित व्यक्तियों को क्वॉरेंटाइन किए गए व्यक्ति से प्रथक रहने की सलाह दी जाएगी ।परिवार के किसी भी सदस्य अथवा क्वॉरेंटाइन किए गए प्रवासी में  कोरोना के लक्षण प्रारंभ होते ही इसकी सूचना आशा कार्यकत्री को तत्काल दी जाएगी, जिससे आशा कार्यकत्री अग्रिम कार्रवाई कर सकें।


 



       कोरोना वैश्विक महामारी के दृष्टिगत वीएनके प्लान इंडिया के द्वारा 325  पीपीई  किट सहित मास्क एवं साबुन आदि जिलाधिकारी डॉ उज्जवल कुमार को प्रदान किया गया । इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक रोहित सिंह सजवान, मुख्य विकास अधिकारी पवन अग्रवाल, अपर जिलाधिकारी कुंज बिहारी अग्रवाल, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर एके श्रीवास्तव, अध्यक्ष जीएनके प्लान विभा चटर्जी आदि मौजूद रहे ।


स्टेशनरी की दुकाने अभी नहीं खुलेगी:-


    जिलाधिकारी डॉ0 उज्जवल कुमार ने बताया  कि स्टेशनरी की दुकानें  अभी नहीं खुलेगी । इस संबंध में  राज्य सरकार द्वारा दिशा-निर्देश प्राप्त होने के उपरांत विस्तृत रूप से सूचना जारी की जाएगी।