49864 श्रमिकों को सामाजिक दूरी का अनुपालन के साथ रोजगार-डॉ0 उज्जवल कुमार


     महराजगंज,वैश्विक महामारी कोरोना के दौर में जिलाधिकारी डॉ0 उज्जवल कुमार की अनूठी पहल,वैश्विक महामारी कोरोना के दौर में महाराजगंज जिलाधिकारी डॉ0 उज्जवल कुमार ने सरकार की योजना के साथ कदमताल करते हुए सरकार के निर्देशन में ग्रामीण मजदूरों को रोजगार उपलब्ध कराने में सफल हो रहे हैं। सरकार के निर्देशन में काम करते हुए जनपद के मजदूरों को स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी गाइडलाइन का अनुपालन कराते हुए मजदूरों को रोजगार उपलब्ध कराने की पहल कर रहे हैं। जिलाधिकारी डॉ0 उज्जवल कुमार ने मुख्य विकास अधिकारी को निर्देशित किया कि जनपद में जहां भी जो कार्य कराया जा सकता है उसे यथाशीघ्र स्वास्थ्य विभाग की गाइडलाइन का अनुपालन कराते हुए कराया जाए। जिससे ग्रामीण मजदूरों को रोजगार भी मिलेगा और जनहित का कार्य भी हो सकेगा। जिलाधिकारी की पहल से जनपद के मजदूरों में आशा की एक लहर दौड़ गई है। जनपद की मजदूरों ने मन बना लिया है कि जिलाधिकारी के निर्देशन में जिस प्रकार से कहा जाएगा हम उस प्रकार से कार्य करने को तत्पर रहेंगे। जिलाधिकारी की इस पहल से वहां के लोग खुश नजर आ रहे हैं तथा इसकी चर्चा भी जनपद में खूब हो रही है ।


      जिलाधिकारी डॉ0  उज्जवल कुमार ने बताया कि जनपद महराजगंज में, मनरेगा के अंतर्गत 627 ग्राम पंचायतों में, 2385 कार्य स्थलों पर, 49864 श्रमिकों को सामाजिक दूरी का अनुपालन कराते हुए रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है । उन्होंने  पुरैना चौराहा से खड्डी पुराना गांव तक कराए जा रहे कार्यों का निरीक्षण भी किया । इस दौरान पुलिस अधीक्षक रोहित सिंह सजवान एवं मुख्य विकास अधिकारी पवन अग्रवाल भी मौजूद रहे ।


     जिलाधिकारी डॉ0  उज्जवल कुमार ने बताया कि  डीबीटी के माध्यम से अब तक 26308 पंजीकृत श्रमिकों को एक- एक हजार  रु0 की सहायता उपलब्ध कराई गई l इस प्रकार कुल 26308000 धनराशि व्यय की गई, ताकि कोरोना के दृष्टिगत लागू किए गए लॉकडाउन के दौरान उनके भरण-पोषण की कोई समस्या ना उत्पन्न हो l


ग्राम एवं मोहल्ला निगरानी समितियों का गठन किया जाएगा- जिलाधिकारी


     जिलाधिकारी डॉ0 उज्जवल कुमार ने बताया कि  kovid-19 के दृष्टिगत सामुदायिक सर्विलांस तथा सहयोग के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम निगरानी समिति तथा शहरी क्षेत्रों में मोहल्ला निगरानी समितियों का गठन किया जाएगा । उन्होंने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में निगरानी समिति का नेतृत्व ग्राम प्रधान के द्वारा किया जाएगा ।इस समिति में आशा, आंगनवाड़ी, चौकीदार, युवक मंगल दल के प्रतिनिधि, आदि सदस्य के रूप में होंगे । इसी प्रकार शहरी क्षेत्र की समिति में आशा,  सिविल डिफेंस, आरडब्ल्यूए के प्रतिनिधि, नगर निकाय के क्षेत्रीय कार्मिक आदि सदस्य होंगे । नगर विकास विभाग के द्वारा प्रवासियों का सर्विलांस एवं सहयोग किया जाएगा । प्रवासियों की सूची को निगरानी समितियों से साझा किया जाएगा ।ताकि उनको कार्य करने  सुगमता हो।