दिल्ली उपराज्यपाल ने पलटा केजरीवाल सरकार का फैसला, दिल्ली के अस्पतालों में होगा सबका इलाज

             
     नई दिल्ली - दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल ने केजरीवाल सरकार के उस फैसले को पलट दिया है, जिसमें एक दिन पहले कहा गया था कि दिल्ली के सरकारी और निजी अस्पतालों में सिर्फ दिल्ली वालों का ही इलाज होगा। दिल्ली में बढ़ते कोरोना के मामलों के बीच दिल्ली कैबिनेट ने रविवार को फैसला लिया था कि दिल्ली सरकार के सरकारी और निजी अस्पतालों में सिर्फ दिल्लीवासियों का ही इलाज होगा, जबकि केंद्र सरकार के अस्पतालों में सभी का इलाज होगा। मगर बैजल के फैसले के बाद अब दिल्ली में सभी का इलाज हो सकेगा।


   उपराज्यपाल के फैसले की दिल्ली के सांसद गौतम गंभीर और कुमार विश्वास ने सराहना की है। गौतम गंभीर ने ट्वीट किया, दिल्ली सरकार द्वारा अन्य राज्यों के मरीजों का इलाज नहीं करने के मूर्खतापूर्ण आदेश को खत्म करने के लिए एलजी द्वारा उत्कृष्ट कदम! भारत एक है और हमें मिलकर इस महामारी से लड़ना है! इंडिया फाइट अगेंस्ट कोरोना। केजरी सरकार के इस फैसले को पलटने के साथ ही दिल्ली के LG ने राज्य सरकार के विभागों और अधिकारियों को निर्देश दिया है कि कोविड-19 टेस्टिंग से संबंधित 18 मई को जारी ICMR की गाइडलाइंस का पालन सुनिश्चित करें।


    मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की दिल्लीवासियों के ही इलाज की घोषणा की आलोचना करते हुए उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सोमवार को कहा कि केजरीवाल को पूरे देश से माफी मांगनी चाहिए। मौर्य ने सोमवार को कहा, बात जहां तक चिकित्सा सुविधाएं देने की है, उसमें कोई भेदभाव नहीं होना चाहिए। ऐसा तो 'रावण राज' में भी नहीं हुआ, मैं समझ नहीं पा रहा हूं कि आखिर अरविंद केजरीवाल ने ऐसा बयान कैसे दिया?